विधायक बोले- प्रधानमंत्री के आर्थिक स्वच्छता से पारदर्शिता आ रही

छपरा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को ‘मन की बात’ के जरिए देश को संबोधित किया. ये 81वां एपिसोड स्थानीय स्नेही भवन में पूर्व नगर मंत्री सुनील सिंह की अध्यक्षता में कार्यकर्ताओं ने suni.इस दौरान प्रधानमंत्री के सम्बोधन में कहा की आज ‘वर्ल्ड रिवर डे’ भी है, इसलिए पीएम मोदी ने अपने कार्यक्रम में नदियों के महत्व के बारे में बताया. पीएम मोदी ने कहा, ‘नदी हमारे लिए भौतिक वस्तु नहीं, बल्कि जीवंत इकाई है. तभी तो हम नदियों को मां कहते हैं. हमारे कितने ही पर्व हों, त्योहार हों, उत्सव हो, उमंग हो, ये सभी हमारी इन माताओं की गोद में ही तो होते हैं.’ पीएम ने ये भी कहा कि आजादी के अमृत महोत्सव में उन स्वतंत्रता सेनानियों को भी देश के सामने लाना है, जिनकी 75 सालों में कोई चर्चा नहीं हुई. पीएम मोदी ने मन की बात में महात्मा गांधी,लाल बहादुर शास्त्री और दीनदयाल उपाध्याय का भी जिक्र किया.
पीएम मोदी ने कहा, ‘हमारे हिंदुस्तान के पश्चिमी हिस्से में पानी की बहुत कमी है. इसलिए वहां अब एक नई परंपरा विकसित हुई है. जैसे गुजरात में बारिश की शुरुआत होती है तो वहां जल-जीलनी एकादशी मनात हैं. आज के युग में हम इसे कैच द रेन कहते हैं. ये वही बात है कि जल की एक-एक बूंद को अपने में समेटना.’ इस दौरान विधायक डॉ सी एन गुप्ता ने कहा की पीएम मोदी के कहे अनुसार,’हमारे आज के नौजवान को ये जरुर जानना चाहिए कि साफ़-सफाई के अभियान ने कैसे आजादी के आन्दोलन को एक निरंतर ऊर्जा दी थी.ये महात्मा गांधी ही तो थे, जिन्होंने स्वच्छता को जन-आन्दोलन बनाने का काम किया था. महात्मा गांधी ने स्वच्छता को स्वाधीनता के सपने के साथ जोड़ दिया था.’ उन्होंने कहा, ‘आज इतने दशकों बाद, स्वच्छता आन्दोलन ने एक बार फिर देश को नए भारत के सपने के साथ जोड़ने का काम किया है. पीढ़ी दर पीढ़ी स्वच्छता का अभियान चलता है, तब सम्पूर्ण समाज जीवन में स्वच्छता का स्वभाव बनता है. ये स्वच्छता पूज्य बापू को इस देश की बहुत बड़ी श्रद्धांजलि है और ये श्रद्धांजलि हमें हर बार देते रहना है, लगातार देते रहना है.’
पीएम मोदी ने ‘आर्थिक स्वच्छता’ का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा, ‘ये बात सही है आर्थिक स्वच्छता में टेक्नोलॉजी बहुत मदद कर सकती है. हमारे लिए ख़ुशी की बात है आज गांव-देहात में भी यूपीआई से डिजिटल लेन-देन बढ़ रहा है.’ उन्होंने बताया कि एक महीने में यूपीआई से 355 करोड़ ट्रांजेक्शन हुए हैं. उन्होंने बताया, ‘आज औसतन 6 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का डिजिटल पेमेंट यूपीआई से हो रहा है. इससे देश की अर्थव्यवस्था में स्वच्छता, पारदर्शिता आ रही है.’इस दौरान क्रीड़ा प्रकोष्ठ के क्षेत्रीय प्रभारी धर्मेंद्र सिंह चौहान,ओबीसी मोर्चा के प्रदेश कार्यसमिति सदस्य राजेश फैशन,प्रभुनंदन कुमार सिंह,रविंद्र पाठक,विनोद कुमार,राजेंद्र प्रसाद,ज्ञानती देवी,दीपक गुप्ता,नगर मंडल के मंत्री गणेश कुमार समेत अन्य उपस्थित थे.