बून्दी: गर्भपात मामले में कड़ी कार्यवाही करने, नए चिकित्सक की स्थाई नियुक्ति करने की मांग
भूरे खां
बून्दी 21 अप्रैल। भाजपा मीडिया प्रकोष्ठ बून्दी जिला संयोजक अंचल राठौर एडवोकेट ने जनाना अस्पताल की एपीओ चिकित्सक डॉ. लक्ष्मी मीणा को निलम्बित करने एवं पीबीआई थाने में गर्भपात मामले में गिरफ्तारी की कार्यवाही तथा नए स्त्री रोग चिकित्सक की नियुक्ति करने की मांग को लेकर मुख्यमंत्री श्रीमति वसुन्धरा राजे को पत्र भेजा। 
               अंचल राठौर एडवोकेट ने मुख्यमंत्री को पत्र भेज अवगत कराया है राजस्थान सरकार की योजना के खिलाफ आम महिलाओं के साथ इलाज के नाम भारी अनिमित्तता बरती जाने के बाद भी बून्दी जिला प्रशासन व अस्पताल प्रशासन की गोल मोल रिपॉर्ट बनाकर चिकित्सक को बून्दी लाने का प्रयास कर रहे है ताकि वापस गर्भपात का गोरखधंधा चल सके।
           जिला संयोजक अंचल राठौर एडवोकेट ने जनाना अस्पताल में किये गए पीड़ित दुर्गेश राठौर के गर्भपात मामले में पीसीपीएनडीटी जिला समन्वयक राजीव लोचन गौत्तम ने 20 अप्रैल गुरुवार को पीबीआई थाने को रिपोर्ट दी है जिसमे मातृ एवं शिशु चिकित्सालय में पांच माह से अधिक की गर्भवती महिला का गर्भपात करने के मामले में 5 मार्च को सीएमएचओ को नोटशीट भेजी थी। अब पूरी कार्यवाही जांच के बाद मेडिकल टर्मिनेशन ऑफ़ प्रेग्नेंसी अधिनियम 2003 के तहत 20 सप्ताह से अधिक तक के गर्भपात नही कर सकते साथ ही महिला के गर्भपात करने के लिए दी गई दवाएँ सभी के प्रमाण सहित 20 अप्रैल गुरूवार को जयपुर पीबीआई थाने में रिपोर्ट सोपी है जिसके तहत गर्भपात वाले मामले में भी गिरफ्तार कर कड़ी कार्यवाही की जाने की मांग की है।   जनाना अस्पताल में प्रसूती रोग विशेषज्ञो की नियुक्ति भी की जावे।