*मधेपुरा :-जिला स्तरीय खरीफ कर्मशाला सह प्रशिक्षण का किया गया आयोजन*
*उद्घाटनकर्ता:- उप विकास आयुक्त मधेपुरा के द्वारा किया गया*
*संयुक्त निदेशक कोसी प्रमंडल सहरसा विशिष्ट अतिथि के रुप में हुए मौजूद*
👈कुंजबिहारी शास्त्री “दैनिक खोज खबर”मधेपुरा👉
मंगलवार को मधेपुरा जिला के कला भवन में जिला स्तरीय खरीफ कर्मशाला सह प्रशिक्षण का आयोजन किया गया है। कर्मशाला का विधिवत उद्घाटन उप विकास आयुक्त मधेपुरा के द्वारा संपन्न हुआ ।इस मौके पर उप विकास आयुक्त मधेपुरा ने कहा कि सरकार की हर योजनाएं कृषि कर्मियों के कंधे पर है तथा इस बार अधिक मेहनत कर मधेपुरा जिला को कृषि के क्षेत्र में अधिक पैदावार दिलाने में कृषि कर्मियों का महत्वपूर्ण योगदान होगा ।तथा कृषि कर्मी अपने कार्य कुशलता के साथ किसानों को हर संभव मदद करेंगे ।सरकार के द्वारा अनुदानित दर पर किए जा रहे योजनाओं को देने में पूरी तत्परता दिखाएंगे ।और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए वैज्ञानिक तकनीक का शत-प्रतिशत जानकारी देने का काम करेंगे ।
उन्होंने कहा कि मनरेगा के माध्यम से भी हंड्रेड परसेंट सब्सिडी पोखर के लिए दी जाती है ।मनरेगा से संपर्क कर किसानों को लाभ दिलाने का हरसंभव प्रयास किया जाना चाहिए तथा मधेपुरा जिला अंतर्गत प्रत्येक प्रखंड में जीविका संचालित है जिनकी जानकारी आप सभी कृषि कर्मी को होना चाहिए कहां क्या हो रहा है इसकी गतिविधि से आप हमेशा अवगत रहें ।
संयुक्त कृषि निदेशक (शस्य) कोसी प्रमंडल, सहरसा ने कहा कि पंचायत के किसानों को भरपूर सहयोग कृषि कर्मी द्वारा किया जाए अनुदानित दर पर योजनाओं को गांव -गांव तक किसानों के हाथ जाना चाहिए। इसके लिए किसान सलाहकार एवं कृषि समन्वयक दोनों मिलकर पंचायत में विशेष अभियान के तहत किसानों को प्रशिक्षित करेंगे तथा संचालित वित्तीय वर्ष में अधिक से अधिक उत्पादन किसान प्राप्त कर सके हर तकनीक से जानकारी देना सुनिश्चित करेंगे ।साथ ही कहा कि 1 जून से खाद बिक्री का तरीका में परिवर्तन किया गया है ।किसान अपने साथ आधार कार्ड ले जाकर रिटेलर से खाद प्राप्त कर सकेंगे ।रिटेलर के पास एक मशीन दिया जाएगा। जिसके माध्यम से खरीद कर पाएंगे ।वही जिला कृषि पदाधिकारी यदुनंदन प्रसाद यादव ने कहा कि जिला का लक्ष्य धान अच्छादन के लिए 85000 हेक्टेयर निर्धारित किया गया है ।तथा 2407 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर उत्पादकता का लक्ष्य तैयार किया गया है। इसके लिए सभी कृषि कर्मी टीम भावना के साथ कार्य कर कृषि को मजबूती प्रदान करेंगे ।इस मौके पर कार्यक्रम समन्वयक कृषि विज्ञान केंद्र मधेपुरा मिथिलेश कुमार राय ने प्रशिक्षण सत्र के माध्यम से कहा कि सबसे पहले किसान बंधुओं को मिट्टी की स्वास्थ्य पर ध्यान देना चाहिए स्वस्थ समिति की अच्छी फसल की आधारशिला है उसके बाद बीज की गुणवत्ता तथा बीजोपचार सिंचाई प्रबंधन शादी पर ध्यान देना चाहिए।
इस मौके पर जिला उद्यान पदाधिकारी, जिला मत्स्य पदाधिकारी ,जिला सहकारिता पदाधिकारी एवं प्रखंड कृषि पदाधिकारी, कृषि समन्वयक ,किसान सलाहकार, मिथिलेश क्रांति श्यामसुंदर दास सुनील कुमार अरुण गुप्ता उमेश यादव अमरदीप रोकी प्रियंका कुमारी आदि कर्मचारी उपस्थित हुए मंच का संचालन परियोजना निदेशक आत्मा राजन बालन ने की।




Recent Comments