आरती के बाद हर-हर महादेव और ॐ नम: शिवाय से गूँज उठा मेडिकल यूनिवर्सिटी कैम्पस ।

दैनिक खोज खबर डेस्क:किर्गिस्तान कि राजधानी बिश्केक में रह कर मेडिकल कि पढ़ाई कर रहे भारतीय छात्र ने भगवान शिव के महापर्व #महाशिवरात्रि को काफ़ी धूम धाम से मनाया है।

कई छात्र भगवान शिव के इस पावन पर्व शिवरात्रि के दिन व्रत में भी रहे ।

छात्रों ने अपनी मेडिकल यूनिवर्सिटी कैम्पस में भगवान भोलेनाथ कि #बर्फ़ कि शिवलिंग बनाई फिर उसपर शहद,हल्दी, चन्दन के लेप लगाया फिर शुरू की पूजा अर्चना साथ ही साथ छात्रों ने दूध से शिवलिंग पर रुद्राभिषेक भी क़िए उसके बाद छात्रों ने भगवान भोलेंनाथ की आरती कर प्रसाद वितरण किया सभी भारतीय छात्रों के साथ साथ यहाँ के लोगों को भी प्रसाद वितरित किये ।

आयुष चतुर्वेदी (आई॰एस॰एम॰ से )और आशीष पूरी (के॰जी॰एम॰ए॰ से ) ने यहाँ के लोगों को भगवान भोलेनाथ कि इस पावन पर्व के बारे में बताया साथ ही साथ लोगों से भगवान का ध्यान भी करवाया।

भारतीयों छात्रों में एक अलग ही उत्साह दिखा भगवान भोलेनाथ के इस पावन पर्व महाशिवरात्रि के दिन । आशीष पूरी के अनुसार कि एक पौराणिक मान्‍यता के अनुसार महाशिवरात्रि के दिन ही शिव जी पहली बार प्रकट हुए थे. मान्‍यता है कि शिव जी अग्नि ज्योतिर्लिंग के रूप में प्रकट हु थे,

जिसका न आदि था और न ही अंत. कहते हैं कि इस शिवलिंग के बारे में जानने के लिए सृष्टि के रचयिता ब्रह्मा ने हंस का रूप धारण किया और उसके ऊपरी भाग तक जाने की कोशिश करने लगे, लेकिन उन्‍हें सफलता नहीं मिली. वहीं, सृष्टि के पालनहार विष्‍णु ने भी वराह रूप धारण कर उस शिवलिंग का आधार ढूंढना शुरू किया लेकिन वो भी असफल रहे ।

आयुष चतुर्वेदी का यह मानना है कि भारत से दूर परंतु भारतीय संस्कृति से दूर नहीं होना चाहिए । चतुर्वेदी का मानना है शिवरात्रि हिन्दू परंपरा का एक बहुत बड़ा पर्व है. इसे फाल्गुन कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को मनाया जाता है. माना जाता है इस दिन शिव जी का प्राकट्य हुआ था. आरती के बाद हर-हर महादेव और ॐ नम: शिवाय से गूँज उठा मेडिकल यूनिवर्सिटी कैम्पस ।

इसके अलावा शिव जी का विवाह भी इस दिन माना जाता है. इस दिन महादेव की उपासना से व्यक्ति को जीवन में सम्पूर्ण सुख प्राप्त हो सकता है. इस दिन व्रत , उपवास , मंत्रजाप तथा रात्रि जागरण का विशेष महत्व है. भारतीय छात्रों में-आशीष पूरी (लक्ष्मीनगर दिल्ली),आयुष चतुर्वेदी ( नरकटियागंज ,बिहार)
अरविंद भारती (बेतिया , बिहार),आदित्य कुमार (पटना,बिहार),संतोष मोहन (बिहार),अवनिश कुमार (मोतिहारी बिहार),आदि सैकड़ों छात्र उपस्थित रहे ।