पंचायत स्तर पर पैक्स और प्रखंड स्तर पर व्यापार मंडल करेंगे गेंहू अधिप्राप्ति -जिलाधिकारी

• जिलाधिकारी ने निर्गत किया गेंहू अधिप्राप्ति का आदेश
• 15 जुलाई 2020 तक की जाएगी अधिप्राप्ति
• 1925 रुपया प्रति क्विंटल गेंहू का न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित
• कुल 103 पैक्स और 06 व्यापार मंडले के द्वारा की जाएगी अधिप्राप्ति

छपरासारण ।  जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन के द्वारा सारण जिले में रबी विपणन मौसम वर्ष 2020-21 में अधिक से अधिक गेंहू अधिप्राप्ति  का निर्देश दिया गया है।
     जिलाधिकारी ने बताया है कि सारण जिला में 32 हजार मैट्रिक टन गेहूँ की अधिप्राप्ति का सांकेतिक लक्ष्य प्राप्त हुआ है जो जिले में गेहूॅ के अनुमानित उत्पादन का 10.25 प्रतिषत है। सारण जिला में गेहॅू अधिप्राप्ति की अवधि 20 अप्रैल से 15 जुलाई 2020 तक निर्धारित है। प्रति क्विंटल गेहूॅ का दर 1925 रुपया निर्धारित किया गया है। गेहॅू अधिप्राप्ति पंचायत स्तर पर पैक्स और प्रखंड स्तर पर व्यापार मंडल के द्वारा की जाएगी। इसके लिए कुल 103 पैक्स और 06 व्यापार मंडल चयनित किये गये हैं। वैसे पैक्स एवं व्यापार मंडल जिनके द्वारा विगत अधिप्राप्ति कार्यो में अनियमितता बरती गयी है या उनके द्वारा जन वितरण प्रणाली का कार्य किया जा रहा है, को गेहूॅ अधिप्राप्ति से मुक्त रखा गया है।
        जिलाधिकारी के द्वारा निर्देश दिया गया है कि गेहूॅ अधिप्राप्ति से व्यापारियों एवं बिचौलियों को अलग रखा जाय तथा गेहूॅ की खरीद पंजीकृत किसानों  से ही की जाय। क्रय की गयी गेहूॅ का भुगतान पीएफएमएस के माध्यम से किसानां को 48 घंटे के अंदर करने का निदेष दिया गया है। भुगतान की सूचना एसएमएस के माध्यम से किसानों को उनके पंजीककृत मोबाइल पर देने का भी निदेष दिया गया है।
       जिलाधिकारी के द्वारा शाखा प्रबंधक बिहार स्टेट कोऑपरेटिव बैंक, ब्रांच छपरा को निर्देश दिया गया कि समितियों से आवेदन प्राप्त कर अविलम्ब सीसी उपलब्ध करायें ताकि चयनित पैक्स एवं ब्यापार मंडल के द्वारा अधिप्राप्ति का कार्य प्रारम्भ किया जा सके।
       सभी अनुमंडल पदाधिकारियों को अपने अनुमंडल अंतर्गत अधिप्राप्ति की समीक्षा करने और प्रतिदिन प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है।
            जिला स्तर पर अपर समाहर्त्ता विभागीय जाँच भरत भूषण प्रसाद मोबाइल नं0- 9955185596 को अधिप्राप्ति कार्य का अनुश्रवण एवं निरीक्षण करने का दायित्व सौपा गया है ताकि पारदर्षिता बनी रहे।