डेंजरस एण्ड डेस्परेट प्रिजनर की मनी जन्म शताब्दी समारोह

संजय’विजित्वर'(हाजीपुर)-डेंजरस एण्ड डेस्परेट प्रिजनर की मनी जन्म शताब्दी समारोह ।अगस्त क्रांति के अग्रदूत तथा भूतपूर्व राज्यसभा सांसद सीताराम सिंह जी का जन्म शताब्दी समापन समारोह समाजवादी जन परिषद,बिहार प्रदेश के तत्वावधान में हाजीपुर के ऐतिहासिक स्थल गांधी स्मारक पुस्तकालय सभागार में १८ मई (शनिवार) को अपराह्न २बजे दिन में मनाया गया ।इस समारोह की अध्यक्षता डॉ सन्तुभाई संत ने की । मुख्य अतिथि प्रो० नन्द किशोर नंदन तथा मुख्य वक्ता डॉ ब्रज कुमार पाण्डेय थे ।अंग्रेज गवर्नर जनरल रदरफोर्ड ने जिनके बारे में कहा था कि उत्तर बिहार में कुछ ऐसे भी लोग हैं जो उड़न बम से भी ज्यादा खतरनाक हैं।उसने एलान किया था कि ऐसे लोग का ठिकाना बताने पर बतौर इनाम ५०००रुपया नकद वह उस गांव में सरकारी पैसे से पोखर खुदवा दिया जाएगा ।इनकी गिरफ्तारी पर कमर से पैर तक डंडा बेड़ी से जकड़ दिया गया था और गले में एक तख्ती लटका दिया गया था,जिसपर लिखा था ‘डेंजरस एण्ड डेस्परेट प्रिजनर’ अर्थात् खतरनाक और दुस्साहसिक कैदी ,क्योंकि वैशाली के लाल सीताराम सिंह ने आजादी की लड़ाई में ऐसे कारनामे को अंजाम दिया था कि अंग्रेज प्रशासक तथा जेलर खौफ खाते थे । सीताराम सिंह का जन्म १८ मई ,१९१९ को ननिहाल में कुढ़नी प्रखंड अंतर्गत लदबरिया गांव में हुआ था ।माता एतबरिया देवी तथा पिता दशरथ राय के पुत्र सीताराम सिंह सन् १९७० से १९७६ ई०तक राज्यसभा के सदस्य रहे और अनेक महत्त्वपूर्ण विषयों को सदन में उठाया। वैशाली जनपद के कई शिक्षण
संस्थानों की स्थापना में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई ।३० नवम्बर २०१८ ई० में इनका निधन हो गया ।आज भी वैशाली जनपद वासियों को ऐसे श्लाका पुरुष पर गर्व महसूस होता है ।इस जन्म शताब्दी समारोह के अवसर पर अनिल लोदीपुरी,सुनील कुमार,अरुण कुमार निराला ,मनोरंजन वर्मा, भोलानाथ ठाकुर, डॉ शैलेन्द्र राकेश,नीरज कुमार सिंह, डॉ अर्पणा सुमन सहित कई लोगों ने सीताराम सिंह जी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला ।