
संजय विजित्वर् (हाजीपुर) -लोक आस्था का महापर्व छठ उदीयमान सूर्य देव को भक्तिभाव के साथ अर्घ्य देने के साथ ही संपन्न हुआ। आज प्रत्यूष काल से ही छठवर्तियां जिले के विभिन्न घाटों पर पानी में खड़ा होकर उदीयमान सूर्यदेव के उगने की राह देख रही थी। पुराणों के अनुसार यह मान्यता है कि आज के दिन भगवान सूर्यदेव पत्नी के साथ उगते हैं । इसलिए आज के दिन के अर्घ्य का काफी महत्व माना जाता है। आकर्षक साज-सज्जा से बने हुए विभिन्न घाटों पर छठव्रतियां टकटकी लगाए उदीयमान सूर्यदेव की प्रतीक्षा में खड़ी दिखाई पड़ी।ज्योंही उदीयमान भगवान सूर्य की सप्त किरणें दिखाई पड़ी पटाखे फूटने लगे और अर्घ्य देना आरंभ हो गया। अर्घ्य देने के बाद छठ व्रतियां माँ जगदंबा की पूजा- अर्चना की।तत्पश्चात अपने परिजन को प्रसाद में ठेकुआ, केला, सेव,संतरा,इंख इत्यादि देकर बद्धी पहनाकर आशीर्वाद दी।प्रसाद वितरण के बाद ठेकुआ,केला,अंकुरी से प्रासन करके अपना व्रत तोड़ी।




Recent Comments