अमनौर(सारण)।शराब बंदी बिहार में सबसे बड़ा लूट का जरिया है,सौ रुपया के शराब एक हजार रुपये में बेचकर अपराधी, पुलिस, माफिया करोडपति हो गए.सबके डीएनए के साथ उनकी आय से अधिक सम्पति की जांच सरकार करे.उक्त बातें सोमबार को जाप सुप्रीमो पप्पू यादव ने गोपालगंज जाने के दौरान ढोरलाही नारा के पूर्व प्राचार्य अम्बिका राय के आवास पर कुछ पल रुकने के पश्चात एक प्रेस वार्ता में कही. उन्होंने कहा कि शराब बंदी के बाद भी बिहार में खुलेआम शराब की तस्करी हो रही है,पीने वाले गरीब असहाय को पुलिस जेल भेज रही है,धंधेबाज, माफिया,पुलिस अपराधियो व नेताओ के लिए यह कुटीर उधोग बना हुआ है.शराब की सूचना देने वाले लोगो की हत्या हो जा रही है.साइकिल से चलाने वाला आज एस्कार्पियो खरीदकर कोई मुखिया, जिला पार्षद वार्ड का चुनाव लड़ रहे है. गरीब जहरीली शराब पीकर प्रत्येक दिन मर रहे है,सरकार उन्हें पूछने तक नही जाति,बिहार का पैसा दूसरे प्रदेशों में जा रहा है.यहा के नवजवान नौकरी के अभाव में बेरोजगारी के कारण बढ़ती महंगाई के बीच चौक चौराहे गप्प लगा रहे है. उन्होंने बिहार सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि इनकी नियति ठीक नही है,अब इनके घटक दल भी इनके बिरुद्ध शराब बंदी पर प्रश्न खड़ा कर रहे है.अगर सचमुच शराबबन्दी के पक्ष में है तो सबसे पहले लोकतंत्र के तीनों स्तम्भ न्यायपालिका,कार्यपालिका,विधायका,व पत्रकारिता से जुड़े लोगों की डीएनए जांच होनी चाहिए,ये लोग यहाँ नही तो कही शराब पीते है.इन्होंने बिहार में विपक्ष को कमजोर बताया,इन्होंने कहा देश मे महंगाई से लोग त्रस्त है.बिहार की जनता जाति धर्म मे शिक्षा स्वस्थ्य रोजगार महंगाई,भूल जाते है.जिस दिन यह मिट जायेगा आज जो नेता दिख रहे है एक भी नही दिखेंगे. इस दौरान पूर्व प्राचार्य अम्बिका राय व समाजसेवी लीलावती देवी ने उन्हें अंग वस्त्र व फूल माला पहनाकर उनका स्वागत किया.