चाहे जो पीड़ा दे सरकार, वेतनमान के अलावा कुछ भी स्वीकार नही – समरेन्द्र

अमनौर/सारण: हड़ताल के पन्द्रहवे दिन बीआरसी परिसर अमनौर में हड़ताली शिक्षको को सम्बोधित करते हुए शिक्षक नेता समरेन्द्र बहादुर ने कहा शिक्षको का हड़ताल बिहार सरकार की मंसा का उपज है,नीतीश मोदी नही चाहते कि गरीब बच्चे विद्यालय में पढ़े,मेधावी विद्यार्थी शिक्षक बने,ये लोग गरीबो की झोपड़ी के आगे दीवार खड़ा कर गरीबी छुपाने वाले नेता है।आप कहते है शिक्षक हड़ताल कर बच्चो का भविष्य खराब कर रहे है हम शिक्षक एलान करते है,सभी गरीब छात्रों के हाथों में कलम, एक समान शिक्षा पद्धति लागू कर दीजिए हमलोग कुछ नही मांगेंगे,आप राज्य के लोगो को मूर्ख बनाते है,शिक्षक जाग चुका है,वेतनमान लागू करे अन्यथा आपका हाल दिल्ली और झारखंड के जैसा हो जाएगा।जिला महासचिव संजय यादव ने कहा कि वेतनमान शिक्षको का अधिकार है,एक ही छत के नीचे एक जैसा काम करने के बाद अलग अलग वेतन नही चलेगा,नीतीश मोदी गरीब बिरोधी के साथ साथ शिक्षा शिक्षक बिरोधी भी है।
अतिथियों का स्वागत अंग वस्त्र माला पहनाकर अजित पाण्डेय,शम्भूनाथ प्रसाद,अनिल सिंह,संजय सिंह,प्रभात सिंह,मो रिजवान,अजय सिंह चौहान,ब्रजेश कुमार यादव ने किया।कार्यक्रम की अध्यक्षता शैलेन्द्र कुमार यादव ने किया।उक्त मौके पर भाजपा नेता व पूर्व विधानसभा प्रत्यासी प्रियरंजन सिंह युवराज,निर्मल पांडेय,हरेश सिंह,बीरेंद्र राम,नीतू कुमारी,अल्पना मिश्रा, मनोरंजन सिंह,त्रिभुअन कुमार,चमन तिवारी,तेजनारायण सिंह,हरेश्वर सिंह,अनिता कृष्णा,कृष्णकांत पाण्डेय,प्रीति कुमारी,नीलम कुमारी,बिकर्मा प्रसाद केशरी,बीरेंद्र राय, नवसाद आलम,समेत सैकड़ो शिक्षक उपस्थित थे।