
मातृ वंदना योजना में तेजी लाने के लिए 100 दिनों का एक्शन प्लान
• पंजीकरण सुनिश्चित कराने के लिए लक्ष्य निर्धारित
• 1 से 7 सितम्बर तक चलेगा मातृ वंदना सप्ताह
• उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले होंगे पुरस्कृत
छपरा : पहली बार माँ बनने वाली महिलाओं के बेहतर स्वास्थ्य के लिए प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना(पीएमएमवीवाइ) चलायी जा रही है। इस योजना में तेजी लाने के लिए समेकित बाल विकास योजना(आईसीडीएस) के निदेशक आलोक कुमार द्वारा पूर्व में ही सभी जिलों के जिलाधिकारी को पत्र लिखकर 100 दिनों के एक्शन प्लान के संबंध में निर्देश दिए थे। 31 मई से 7 सितम्बर तक चलाये जाने वाले इस विशेष अभियान में पूरे राज्य में 5.5 लाख लाभुकों का पंजीकरण एवं उनके बीच 75 करोड़ रुपए प्रोत्साहन राशि वितरित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए इन 100 दिनों में लाभुकों के पंजीकरण में गति लाने के लिए जिलावर लक्ष्य भी निर्धारित है।
बेहतर कार्यान्वयन में आएगी तेजी : पीएमएमवीवाइ की राज्य नोडल अधिकारी अनिता चौधरी ने बताया अधिक से अधिक महिलाओं को इस योजना का लाभ पहुंचाने के लिए 100 दिनों का एक्शन प्लान तैयार किया गया है। इन 100 दिनों में विभिन्न गतिविधियों के आयोजन से योजना के बेहतर कार्यान्वयन में तेजी आएगी। प्रथम बार माँ बनने वाली महिलाओं के लिए सम्पूर्ण प्रसव पूर्व जाँच जरूरी होता है। इस योजना का लक्ष्य प्रथम बार माँ बनने वाली महिलाओं को तीन किस्तों में 5000 रुपए की प्रोत्साहन राशि देने के साथ उनकी आदत में भी सुधार करना है। इसके लिए महिलाओं को प्रसव पूर्व जाँच एवं टीकाकरण पर परामर्श प्रदान कराया जाता है।
100 डेज़ एक्शन प्लान में जिले का लक्ष्य: 31 मई से 7 सितम्बर तक छपरा में 20287 लाभुकों का पंजीकरण कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। जिले में परियोजना के तहत 3590 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं।
प्रथम एवं तीसरे सोमवार को विशेष जागरूकता अभियान :
100 डेज़ एक्शन प्लान के दौरान प्रत्येक माह के प्रथम एवं तीसरे सोमवार को विशेष जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। आंगनबाड़ी सेविका एवं अन्य क्षेत्रीय कार्यकर्ता ऐसे गृह का भ्रमण करेंगे, जहां से लाभुकों का पंजीकरण नहीं अथवा कम हुआ है एवं अधिक से अधिक पंजीकरण सुनिश्चित कराएंगे।
क्षमतावर्धन पर दिया जाएगा ध्यान: अगस्त माह में लाभुकों के पंजीकरण, उन्हें दूसरे एवं तीसरे किस्त की भुगतान सुनिश्चित कराने एवं पीएमएमवीवाइ-केस में डाटा अपलोडिंग त्रुटि को कम करने के लिए कर्मियों का क्षमतावर्धन किया जाएगा। शून्य लाभुक वाले आँगनबाड़ी केंद्र एवं संतोषजनक प्रदर्शन नहीं करने वाले परियोजना पर ध्यान दिया जाएगा। साथ ही सेविकाओं एवं महिला पर्यवेक्षिकाओं के उन्नमुखीकरण पर बल दिया जाएगा।
1 से 7 सितम्बर तक चलेगा मातृ वंदना सप्ताह: इस दौरान आँगनबाड़ी केंद्र, सेक्टर या परियोजना स्तर पर कैंप लगाकर अधिक से अधिक लाभुकों का आवेदन जमा किया जाएगा। साथ ही योजना के प्रचार-प्रसार के लिए जिला स्तर से लेकर सामुदायिक स्तर पर विभिन्न गतिविधियों का आयोजन होगा।
बेहतर प्रदर्शन पर मिलेगा पुरस्कार : मातृ वंदना सप्ताह के दौरान बेहतर प्रदर्शन करने वाले पहचान कर राज्य, जिला या परियोजना स्तर पर पुरस्कार वितरण किया जाएगा।




Recent Comments