खेती और किसानों के कल्याण के लिए गंभीर है सांसद रुडी, खाद की कमी होगी दूर

• खाद के मुद्दे पर केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री मनसुख मांडविया व कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से सांसद रुडी ने की चर्चा

• रबी फसलों की बुआई के लिए पर्याप्त डीएपी और यूरिया उपलब्ध कराने पर हुई बात

• सारण में रबी फसलों के लिए 1 लाख 37 हजार 185 हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य

सारण(सारण)। अपने क्षेत्र ही नहीं बिहार के किसानों की समस्याओं को लेकर इस बार ज्यादा गंभीर दिख रहे है सारण सांसद सह भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव प्रताप रुडी। पिछले दिनों हर खेत तक पानी पहुंचाने वाली सिंचाई योजना पर विशेष बैठक के बाद आज उन्होंने रबी फसल के लिए पर्याप्त मात्रा में यूरिया व डीएपी खाद उपलब्ध कराने के लिए केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री मनसुख मांडविया से चर्चा की। साथ ही सांसद ने केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से भी बिहार में रासायनिक खादों की कमी को दूर करने से संबंधित मुद्दों पर बात की। विदित हो कि सारण ही नहीं पूरे बिहार में डीएपी (डाई अमोनियम फास्फेट) की हाल के दिनों में किल्लत महसूस की जा रही है। इसके कारण आगामी रबी फसल, दलहन और सब्जियों के उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। खेतों में लगे हुए खरीफ फसल के कटने का समय है। इसके बाद खेतों की सफाई कर रबी फसल की बुआई की जा रही है जिसमें डीएपी की विशेष आवश्यकता होती है। प्रधानमंत्री के किसानों की आय दुगनी करने के लक्ष्य प्राप्ति में सारण भी सहयोग कर रहा है और इसके लिए सांसद के स्तर से निरंतर प्रयास जारी है। किसानों के लिए खाद की किल्लत न हो यह सुनिश्चित करना भी इसी का एक हिस्सा है।
सांसद रुडी ने बताया कि वे स्वयं कृषि पर संसदीय स्थाई समिति के भी सदस्य है इस नाते क्षेत्र के किसानों की समस्या हमारी नीजि समस्या होती है। किसान भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और कहना न पड़े की वे हम सब के अन्नदाता है। बता दें कि रबी फसलों के अंतर्गत कृषि विभाग ने सारण जिले में जो रकबा निर्धारित किया है उसमें 1 लाख 37 हजार 185 हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य रखा गया है। इसके अंतर्गत गेहूं 1 लाख और मक्का की खेती का 26 हजार हेक्टेयर लक्ष्य है। दलहन के लिए 3555 हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य है जिसमे चना 525, मसूर 1090, मटर 1370 और अन्य दलहन 570 हेक्टेयर है। इसी प्रकार 7630 हेक्टेयर में तेलहन की खेती का लक्ष्य निर्धारित है, जिसमें सरसों व राई 6500 हेक्टेयर तथा तीसी 1130 हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य है।केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री एवं कृषि मंत्री से वार्ता के पश्चात सारण सांसद ने बताया कि केंद्रीय मंत्री को बताया कि बिहार में किसानों की कृषि ही मूल पूंजी है। खेती पर ही उनका जीवन आधारित है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री से रबी फसल के लिए डीएपी एवं यूरिया की पर्याप्त उपलब्धता कराने का आग्रह किया। केंद्रीय मंत्री ने भी रबी की बुआई में आवश्यकता के अनुसार डीएपी और यूरिया खाद उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया और कहा कि पूरी कोशिश होगी कि खाद की कमी नहीं हो।