सारण :माधोपुर की लीची रसूलपुर में मचा रही धूम 
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अब तक लाखों रूपये का हो चुका कारोबार 
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सरकारी सहायता मिले तो किसान मचा सकते हैं और भी धमाल 
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रसूलपुर।जिला मुख्यालय से 35 किमी पश्चिम एकमा प्रखंड की चनचौरा पंचायत के रसूलपुर थाना स्थित माधोपुर गांव की लीची अपने स्थानीय बाजारों रसूलपुर,एकमा व चनचौरा बाजारों में उपस्थिति दर्ज करा धूम मचाना शुरू कर दिया है।बाजार के दुकानदारों का कहना है कि नजदीक में ही बागान होने के कारण ताजा लिची देखते ही देखते उपभोक्ता मनमाना मूल्य देकर खरीद ले जाते हैं।पिछले एक माह के अंदर अब तक दो लाख रूपये से ऊपर के कारोबार इन बागानों से हो चुका है।
         15-20 वर्ष पहले गांव के हरेन्द्र राय और उधो राय ने व्यवसायिक तौर पर करीब एक एकड की अपनी जमीन में लीची की सैकड़ों पोधे लगाकर इसकी शुरुआत की थी तो यह किसी को पता नहीं था कि यह व्यवसाय फल फूल सकता है।आज करीब आधा दर्जन किसान इस खेती से जुड़ चुके हैं । गांव में आधुनिक तरीके से खेती करने वाले सीताराम राय व मिथिलेश राय कहते हैं कि इसकी खेती करना थोड़ा कठिन है पर नामुमकिन नहीं।उधो राय तो कहते हैं कि माधोपुर की मिट्टी लीची की बागवानी के लिए  उपयुक्त है।पर ग्रामीण किसानों के पास पूंजी की कमी है।पूंजी की कमी के कारण कुछ किसानों ने अपना बागान ही ठीका पर व्यवसायियों के हाथ दे रखा है।सिवान जिले के रघुनाथपुर निवासी एक व्यवसायी गोविन्द्र साह ने अपने अन्य रिश्तेदारों के साथ मिल कर माधोपुर के किसान सीताराम व मिथिलेश कुमार राय से एक सीजन के लिए पूरा बागान ही ठीका पर खरीद लिया है।दो दिन पहले गोविन्द्र ने करीब एक क्विंटल लीची पहली बार तोड़ कर व्यवसायियों के हाथ बेचा है।गोविन्द्र का कहना है कि मौसम ने साथ दिया तो पिछले दो महीने से की जा रही मेहनत सफल हो सकती है।हालांकि  इसके लिए सिंचाई, मंजर पर दवा छिड़काव से लेकर बगान की कोडाई आदि के लिए अतिरिक्त हजारों रूपये खर्च करना पड़ा है।पर नजदीक में रसूलपुर; एकमा,चैनपुर ,आदि बाजारों  में ही माधोपुर की लीची प्रसिद्ध हो चुकि है।यह जान कर हमने इस व्यवसाय में जुआ खेला। रसूलपुर के फल विक्रेता राजू प्रसाद कहते  हैं माधोपुर की लीची में एक अलग स्वाद होने के कारण बाजार में हाथों -हाथ लोग खरीद लेते हैं।मुखिया विजय कुमार उपाध्याय कहते हैं कि गांव के जो भी किसान लीची की खेती करना चाहते हैं उन्हें सरकारी सहायता दिलाने में हर संभव प्रयास वे करेंगे। 
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फोटो–ठेका पर खरीदा लीची बगान को दिखाता व्यवसायिक गोविन्द्र साह  
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