बदहाल उपभोक्ता : 10 लाख उपभोक्ताओं पर एक माप तौल निरीक्षक

कर्मियों की कमी एवं बदहाल व्यवस्था मे भी सोमवार एवं मंगलवार को खुलता है कार्यालय

जर्जर कार्यालय में काम करते डाटा ऑपरेटर

कुमुद रंजन सिंह की रिपोर्ट/जमुई :
जिले के उपभोक्ता अपने हाल पर आंसू बहाने पर मजबूर हैं बताते चलें कि 1991 के बाद जिला के रूप में जमुई को पहचान मिला लेकिन विभागीय उदासीनता के कारण आज तक उपभोक्ताओं की चिंता सरकार को नहीं रहे इस कारण ही सही माप तौल विभाग का मुख्य कार्यालय मुंगेर ही बनकर रह गया है जिला मुख्यालय में लगभग 30 वर्षों से कार्यरत एक जर्जर बिल्डिंग में चल रहा कार्यालय बदहाली के बावजूद सोमवार एवं मंगलवार को खुलता है बताते चलें कि इस कार्यालय में एक माप तौल निरीक्षक है जिनके भरोसे जिले की लगभग 17 लाख की आबादी के लोगों की हितों की रक्षा की जिम्मेवारी है कायदे से माना जाता इस विभाग में अनुसेवक क्लर्क कंप्यूटर ऑपरेटर के पद होते हुए भी इस पर कर्मी नहीं है ऑपरेटर के रूप में संविदा पर बहाल पप्पू कुमार है जबकि मरम्मत कर्ता के रूप में रामाशीष कुमार अपनी सेवा दे रहे हैं उपभोक्ताओं के लिए एवं उनके हितों की रक्षा के लिए सरकार ने माप तोल विभाग तो बनाया लेकिन जांच करने के लिए मैं तो वाहन की सुविधा दी और ना ही पर्याप्त बल फिर भी विभाग के कर्मी की सूझबूझ एवं लगन के कारण जहां 2015 में राजस्व 9 लाख था वही या बढ़कर अब 24 लाख हो गया है बताते चलें कि माप तोल अधिकारी मुकुंद कुमार सिंह ने बताया कि दुकानदारों के लिए कार्यालय सोमवार एवं मंगलवार को नियमित खुलता है एवं इन 2 दिनों में ही कामों का निपटारा करना होता है एवं शेष दिन फील्ड के कार्यों को देखना होता है.