एकमा पीएचसी : कुव्यवस्था से परेशान लोगों ने किया हंगामा व तोड़फोड़
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✍दैनिक खोज खबर संस्थापक सदस्य विनीत कुमार की रिपोर्ट 
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⏩एकमा(सारण) 
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एकमा मांझी मुख्य मार्ग पर अवस्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एकमा में शुक्रवार की रात्रि उपचार कराने आये मरीज़ों व उनके परिजनों ने जमकर हंगामा मचाया व तोड़फोड़ की। आक्रोशित लोगों ने एकमा पीएचसी के बरामदे में रखे आलमीरा, नई कुर्सियां आदि को क्षतिग्रस्त कर दिया व अस्पताल के कांच भी तोड़ दिए। हंगामा कर रहे लोग इतने आक्रोशित थे कि ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर व अन्य स्वास्थ्य कर्मियों ने छुपकर अपनी जान बचाई। एकमा नप के वार्ड पार्षद जीतेन्द्र सिंह व हँसराजपुर गांव के युवाओं ने आक्रोशित लोगों को शांत किया।
          इस संबंध में प्राप्त जानकारी के अनुसार रसूलपुर थाना क्षेत्र के देवपुरा मठिया निवासी राजेश भारती, सुशील भारती व चपरैठा निवासी गुड्डू कुमार सड़क दुर्घटना में घायल हो गए थे। इनके परिजन जब पीएचसी पहुँचे तो उपचार की कोई मुकम्मल व्यवस्था नही थी। आक्रोशित लोगों ने ये आरोप लगाया कि ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर व स्वास्थ्य कर्मियों ने मामले को गंभीरता से नही लिया। ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर साजन कुमार ने मरीजो को छपरा रेफेर किया मगर एम्बुलेंस की व्यवस्था नही होने से लोग आक्रोशित हो गए। बताया जाता है कि लोगो ने करीब एक घंटे से अधिक समय तक सरकारी एम्बुलेंस का इंतज़ार किया पर एम्बुलेंस नही आया जिस कारण लोगों का पारा सातवे आसमान पर चढ़ गया और लोगों ने जमकर हंगामा किया व तोड़फोड़ की। सूत्र बताते हैं कि आक्रोशित लोगों ने डॉ साजन कुमार के साथ हाथापाई भी की जिसके बाद स्थानीय लोगों ने बीच बचाव कर मामले को शांत कराया।
यहाँ बता दे कि पिछले एक माह से भी अधिक समय से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एकमा का एम्बुलेंस मरम्मत के लिए भेजा गया है पर अब तक मरम्मत कराकर नही आया है।
सूत्र बताते हैं कि अमूमन प्रत्येक माह 50 हजार से अधिक रुपये एम्बुलेंस मरम्मती के नाम पर खर्च किये जाते हैं मगर एम्बुलेंस हमेशा खराब ही रहता है। स्थानीय लोगों  ने ये भी आरोप लगाया कि अस्पताल कर्मी हर महीने लाखों रुपये का बंदरबांट करते हैं।
👉क्या कहते है अधिकारी👇

हंगामे के वक़्त तैनात डॉ साजन कुमार ने कहा कि सड़क दुर्घटना में घायल लोगों का मैंने समुचित उपचार किया मगर गंभीर स्थिति को देखते हुवे मैंने छपरा रेफेर किया। एम्बुलेंस नही होने के कारण लोगों ने हंगामा व तोड़फोड़ किया।
सुबह में मैंने पीएचसी पहुच कर पूरे मामले की जांच की। लोगों ने कुर्सियां व खिड़की के शीशे तोड़े हैं।
डॉ मोहसिन अंसारी
एकमा पीएचसी प्रभारी