अमरीका को ठोस जवाब देने को तैयार है ईरान, रूस और सीरिया
खबरें देश विदेश ः अब्दुल मुत्तलिब रज़ा 
रूस, ईरान और सीरिया की संयुक्त सेना के ज्वाइंट आप्रेशनल रूम ने एक बयान जारी करके कहा है कि यह गठबंधन अपनी पूरी शक्ति के साथ डेन लाइन पार करने वाली हर कार्यवाही का मुंह तोड़ उत्तर देगा और अमरीका प्रतिरोध के मोर्चे की क्षमता से भरपूर अवगत है।
शुक्रवार की सुबह सीरिया के हुम्स प्रांत की शईरात सैन्य छावनी पर अमरीका के मीज़ाइल हमले के बाद रूस, ईरान और सीरिया के संयुक्त आप्रेश्ननल कक्ष ने रविवार को एक बयान जारी किया।
इस बयान में बल दिया गया है कि यह गठबंधन,  सीरिया के उत्तर और पश्चिमोत्तरी क्षेत्र में अमरीका जिस चीज़ को व्यवहारिक बनाने के प्रयास में है, उससे पूर्ण रूप से अवगत है और अमरीका की कार्यवाहियों पर कड़ी नज़र रखी जा रही है।
रूस, ईरान और सीरिया के आप्रेश्ननल कक्ष के बयान में इसी प्रकार आया है कि अमरीकी ग़ुडे ने किसी से अनुमति लेने का इरादा ही नहीं किया और संयुक्त राष्ट्र संघ के सदस्य देश के अधिकार का सम्मान नहीं किया और ख़ान शैख़ून क्षेत्र में होने वाली घटना की जांच के परिणाम आने से पहले ही सीरिया पर हमला कर दिया और पूरे दुस्साहस के साथ उसने इस हमले की घोषणा भी की।
शुक्रवार की सुबह अमरीका ने अपने युद्धक बेड़े से दसियों मीज़ाइल सीरिया के हुम्स प्रांत के शईरात एयरबेस पर फ़ायर किए जिसमें कई सैनिकों सहित कई आम नागरिक हताहत हुए जबकि क्षेत्र को भारी नुक़सान हुआ। सीरिया की शईरात छावनी पर अमरीका ने 59 मीज़ाइल फ़ायर किए। यह छावनी क्षेत्र की सबसे महत्वपूर्ण ट्रेनिंग छावनी शुमार होती है और यह छावनी सीरिया की वायु सेना की 25 प्रतिशत सैन्य क्षमता को पूरा करती है। यहां से मिग और सुखोई विमान उड़ानें भरते हैं।
सीरिया पर अमरीका के मीज़ाइल हमले से पूरी दुनिया से प्रतिक्रियाएं सामने आईं और विभिन्न सरकारों और अंतर्राष्ट्रीय संस्थाओं ने अमरीका की इस एक पक्षीय कार्यवाही पर चिंता व्यक्त करते हुए कड़ाई से सीरिया पर अमरीका के अकारण हमले की निंदा की। विरोध के यह स्वर अमरीका के भीतर से भी उठे और अमरीका के विभिन्न शहरों में इस कार्यवाही के विरुद्ध प्रदर्शन हुए।