बाल्मीकि नगर भारत-नेपाल सीमा पर अवस्थित संगम तट पर शरद पूर्णिमा एवम वाल्मीकि जयंती के उपलक्ष में नारायणी गंडकी माता की 41वीं  भव्य महाआरती कार्यक्रम का आयोजन किया गया

दैनिक खोज खबर पश्चिमी चंपारण बगहा संवाददाता विजय कुमार शर्मा की रिपोर्ट :– कालीघाट परिसर में आयोजित  इस कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि भारतीय जनता युवा मोर्चा महाराजगंज के जिला अध्यक्ष दुर्गा प्रसाद गुप्त जिला महामंत्री दिनेश कुमार जैसवाल जिला मंत्री धर्मेंद्र कुमार गुप्ता श्री श्री 108 श्री बालक दास जी महाराज पंडित उदयभानु चौबे संयोजक दयानंद एवं अभिनेत्री प्रतिभा साहू ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित करके किया  मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन के क्रम में कहा कि आदिकवि महर्षि वाल्मीकि की तपोभूमि वाल्मीकि नगर में पर्यावरण संरक्षण संवर्धन एवं प्राकृतिक धरोहर की रक्षा विषय पर आधारित इस कार्यक्रम की पहल एक सराहनीय प्रयास है तमसा सोनभद्र एवं नारायणी नदी यही एक दूसरे से मिलती है इसी पवित्र दिव्य भूमि पर तपस्या करके महर्षि वाल्मीकि आदिकवि कहलाए संत श्री बालक दास महाराज ने कहा कि मानवता सबसे बड़ा धर्म है सर्वधर्म समभाव की भावना पर आधारित इस कार्यक्रम में हिंदू मुस्लिम एवं इसाई को एक मंच पर देख कर अति प्रसन्नता  हो रही है।
आगे उन्होंने इस महाआरती कार्यक्रम के उद्देश्यों को खूब सराहा स्वरांजलि लोक कला संस्कृति संस्थान की गायिका आशा साहू एवं ज्योति शेखर ने समवेत स्वर में गुरु वंदना प्रस्तुत किया संवेदक  थोलो सिंह एवं लल्लू सिंह के सौजन्य से अतिथियों को अंग वस्त्र प्रदान किया गया गायक बजरंगी निगम अभिनेत्री प्रतिभा साहू एडिटर स्वरांजलि समाजसेवी व गायक संगीत आनंद  नैना देवी उत्तर प्रदेश से आई संगीता गुप्ता सुमन गुप्ता जितेंद्र पांडे एवं आशीष कुमार समेत कई प्रतिभा वान नारायणी गंडकी सम्मान से सम्मानित किए गए चर्चित कलाकार एवं मंच संचालक  डी आनंद ने अतिथियों का स्वागत पारंपरिक तरीके से किया गंगा मैया की जय  नारायणी गंडकी  माता की जय आदि  स्वर महा आरती  स्थल पर गूंजते रहे ससस्त्र सीमा बल के सहायक सेनानायक देवेंद्र उपाध्याय एवं बाल्मीकि नगर थाना इंस्पेक्टर  राजीव कुमार के नेतृत्व में भारत नेपाल से आए अतिथियों की सुरक्षा के मद्देनजर व्यापक इंतजाम किए गए थे शिक्षक उदय नारायण एवं प्रधान शिक्षक विजय प्रकाश मदेशिया ने वाल्मीकि जयंती के मौके पर आदिकवि महर्षि वाल्मीकि के जीवन चरित्र पर प्रकाश डाल कर इसकी सार्थकता को सिद्ध किया थारु कला संस्कृति के कलाकार ममता चौधरी गीता कुमारी एवं पूजा कुमारी ने हिंदी भजनों द्वारा सभा  बांध दिया कार्यक्रम के अंत में श्री डी आनंद ने राष्ट्रीय डॉल्फिन दिवस पर आधारित गीतों द्वारा जल जीव सोस के संरक्षण की बातें प्रमुखता से बताएं इस मौके पर  होम लाल  प्रसाद शुभम नीरज शिव चंद्र शर्मा संतोष कुमार संवेदक  भोलू श्रीवास्तव मिश्री लाल साहू आदर्श अखिलेश साहू कामेश्वर श्रीवास्तव कुंदन कुमार सोनू कुमार संगीता कुमारी विशेष वर्मा ललन बिहारी व्यास अधिवक्ता चंद्रशेखर दिलीप कुमार जैसवाल गायक रमेश शंकर व्यास विजय कुमार शर्मा के नाम उल्लेखनीय है मंच संचालक  डी आनंद ने किया जबकि धन्यवाद ज्ञापन धर्मेंद्र कुमार गुप्ता ने किया ।