रेलवे के खिलाफ ग्रामीणों का आक्रोश।

परवेज़ अख्तर/सिवान:रेलवे प्रशासन के खिलाफ स्थानीय ग्रामीणों ने आक्रोश व्यक्त की हैं. ग्रामिणों ने आरोप लगाते हुए कहा हैं कि बड़कागांव मानव रहित फाटक पिछले कई माह से खबर है।पिछले दिन यहां फाटक बंद करने के लिए ट्रेन को कुछ दूरी पर रोकी जाती थी। गार्ड ट्रेन से उतारकर बाहर आता और फ़ाटक को बंद करने के बाद ट्रेन आगे की तरफ प्रस्तान करती थी। फिर कुछ दूरी पर ट्रेन रुकती थी। जिसके बाद गार्ड फाटक को वापस खोलकर ट्रेन में सवार होता था। जिसके बाद ट्रेन अगले स्टेशन के लिए जाती थी। लेकिन कुछ दिनों से मानवरहित फाटक नहीं गिर रहा है।रेलवे की लापरवाही के कारण अभी तक फाटक को ठीक नहीं कराया गया था।जिसके बाद आज ट्रेन ऐसे ही पास कर रही थी जो यह हादसा हुआ। लेकिन जिस तरह से रेलवे प्रशासन की लापरवाही आये दिनों देखने को मिल रही है।यहां कभी ना कभी एक बड़ा हादसा हो सकता है।