नवादा में ख़तरों के साये में मानवता सेवा

नवादा में जिंदगी और मौत से जूझ रही एक गर्भवती महिला को युवक ने खून देकर बचाई जान

रिपोर्ट – सन्नी भगत

नवादा में जिंदगी और मौत से जूझ रही एक गर्भवती महिला के लिए हेल्पर्स ग्रुप की टीम फरिश्ता बनकर पहुंचे और उसकी जान बचा ली। रक्तदान महादान है। इस महादान की अहमियत उस समय और बढ़ जाती है, जब जरूरतमंद को दुर्लभ ब्लड ग्रुप O निगेटिव मिल जाए। O निगेटिव ब्लड ग्रुप वाले वाले लोगों की तादाद महज 0.5 पर्सेंट के करीब है।

नवादा जिले के ननौरी गांव के पास रहने वाली एक गर्भवती महिला को सदर अस्पताल में प्रसव के दौरान खून की कमी से जूझ रही थी , डॉक्टरों के अनुसार खून की कमी के चलते उसकी जान खतरे में थी। खून चढ़ाने की जरूरत पड़ने पर परिजनों ने आनन फानन में हेल्पर्स ग्रुप को फोन कर अपनी समस्या बताई और खून की मदद मांगी वहीं सूचना पर ससमय हेल्पर्स ग्रुप के फाउंडर सौरभ कुमार भीम ने ससमय रेयर ग्रुप की ब्लड की व्यवस्था कराया
नवादा जिला के रजौली निवासी विकास ने ससमय उस गर्वभती महिला को अपना ब्लड देकर महिला जान बचा ली विकास ने बताया कि आज किसी की जान बची तो समझा ब्लड डोनेशन का महत्व उन्होंने बताया कि इस ब्लड ग्रुप की अहमियत समझते हुए रेग्युलर ब्लड डोनेट करने की बात कही। 

आपको बता दे कि हेल्पर्स ऑफ़ नवादा गके लोगों ने ससमय ब्लड की व्यवस्था करा कई लोगों की जान बचा चुके हैं हेल्पर्स ग्रुप के फाउंडर सौरभ कुमार भीम ने बताया कि ऐसे ब्लड ग्रुप वाले लोगों की लिस्ट हम सार्वजनिक नहीं करते हैं, लेकिन तैयार रखते हैं। यह ब्लड लाइफ सेविंग की कंडिशन पर ही दिया जाता है।