मांझी(सारन)। दाउदपुर थाना क्षेत्र के मदनसाठ गांव के एक अधेड़ ने फांसी लगाकर आत्म हत्या कर ली। मृतक आर्थिक तंगी से बेहद परेशान था तथा पिछले कुछ दिनों से मानसिक रूप से विक्षिप्त हो गया था। मंगलवार की सुबह गांव के बाहर बगीचे में एक आम के पेड़ से गले मे पड़े फंदे से लटके अधेड़ के शव पर लोगों की नजर पड़ी तो गांव व क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना को लेकर तरह- तरह की चर्चा होने लगी। मृतक की पहचान कल्लू धोबी के रूप में हुई। प्राप्त जानकारी के अनुसार सुबह में ग्रामीण जब शौच के लिए घर से बाहर निकले तभी मदनसाठ गांव निवासी स्वर्गीय आस महमद के चार पुत्रो में से द्वितीय पुत्र 50 वर्षीय कल्लू धोबी के शव को आम के बगीचा में पेड़ से लटके पाया। लोग इस दृश्य को देख कर दंग रह गए। जानकारी मिलने के कुछ हीं देर बाद बगीचे में लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। आनन-फानन में ग्रामीणों ने पेड़ पर चढ़कर मृतक के गले से फंदा खोल कर नीचे उतारा। उसके बाद परिजन रोते-बिलखते पहुंचे। घटना की जानकारी मिलते ही पंचायत के मुखिया और सरपंच आदि ने पहुंच कर परिजनो को सांत्वना दी। कुछ देर बाद ग्रामीणों के सहयोग से शव को दफना दिया गया। मृतक के परिवार की माली हालत ठीक नही है। मृतक की पत्नी इदन बीबी ने बताया कि घर मे कोई कमासुत नही है। मृतक सात परिवार का भोजन किसी तरह मजदूरी करके चलाता था। वहीं कोरोना महामारी के कारण लॉक डाउन होने से काम- धंधा भी बंद था। वह लोगो के कपड़े धोकर किसी तरह परिवार का भरण पोषण करता था। इधर कपड़ा धोने व इस्त्री का भी काम बंद हो जाने के बाद से वह हमेशा चिंतित रहता था। पवित्र रमजान के महीने में भी आर्थिक तंगी से वह रोजा भी नही रख रहा था। मुखिया ने बताया कि कल्लू थोड़ा सा विक्षिप्त भी हो गया था।
मृतक के तीन पुत्रों में एक की शादी हो चुकी है। लॉक डाउन से काम बंद होने के कारण पुत्र भी बेरोजगार होकर बैठ हुआ है। जबकि दो पुत्र छोटे है। वहीं दो पुत्री की भी शादी हो चुकी है। मृतक की पत्नी एक महिला समूह से जुड़ी हुई है। जिससे पैसा कर्ज लेकर किसी तरह एक बेटे व दोनों बेटियों की शादी की है।
घटना के संबंध में थानाध्यक्ष सुजीत कुमार चौधरी ने बताया कि परिजनों ने समय से जानकारी नही दी। वहीं लिखित शिकायत करने से भी इनकार किया जिसके कारण शव का पोस्टमार्टम नही हो सका।




Recent Comments