प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी बोले उपकरणों के आने के बाद होंगी जाँच
गड़खा। ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता के अभाव में लोग सीएचसी में जाकर अपने को कोविड-19 ही करा रहे हैं।इससे बल्कि कोरोना से बचने के लिए लोग गांव में ही झोलाछाप डॉक्टरों से दिखाकर खांसी सर्दी और बुखार की दवा खा रहे हैं।ऐसे में कई लोगों की मौत भी हो जा रही है परंतु उनका जांच नहीं हो पा रहा है जिससे पता चल सके कि वे कोरोना पॉजिटिव है। गड़खा प्रखंड के रामगढा में भी पिछले दिनों एक महिला की कोरोना के लक्षण से मौत हो गई जिसके बाद ग्रामीणों में दहशत फैली हुई है।शिक्षक बागेश्वर राय,कमलनाथ राय,उमेश चन्द्र राय,ताकेश्वर शर्मा,संजय मांझी, दुगरुण राय,जय प्रकाश , सुरेन्द्र राम , युवा समाज सेवी रंजीत यादव आदि ग्रामीणों ने बताया कि गांव में कई लोगों को कोरोना के लक्षण पाए जा रहे हैं परंतु लोग पॉजिटिव रिपोर्ट आने के डर से समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गड़खा नहीं जा रहे हैं ऐसे में ग्रामीणों द्वारा चिकित्सकों से बात कर गांव में शिविर लगाकर सभी लोगों की कोरोना रिपोर्ट जांच करने की मांग की गई परंतु उनके द्वारा पहल नहीं की जा रही है टालमटोल बढ़ती जा रही है ऐसे में बीमारी जानलेवा हो सकती है। सीएससी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी सर्वजीत कुमार से पूछने पर उन्होंने कहा कि सदर अस्पताल में वरीय पदाधिकारियों को कीट व अन्य उपकरणों के लिए पत्र लिखा गया है सामग्री उपलब्ध होते ही शिविर लगाकर गांव में लोगों की रिपोर्ट जांच की जाएगी।