युवा बोले – बेरोजगारी पर भी बननी चाहीये मानव श्रृंखलामढ़ौरा ।स्थानीय युवाओं ने पर्यावरण जैसी ज्वलंत मुद्दे के साथ साथ युवाओं की बेरोजगारी के लिये भी मानव श्रृंखला की आवश्यकता है । वर्तमान में देश के युवा को लेकर केन्द्र और राज्य सरकार सक्रिय नही है जो चिंतनीय है । बेरोजगारी भी एक गंभीर विषय है इस पर भी सामान रूप से सभी को सोचने की जरुरत है । युवा के हाथ में जब रोजगार होगा तभी वह अन्य सामाजिक और वैचारिक मुद्दे पर गंभीर हो सकते है । युवाओं का एक समुह ने यह मांग रखी कि सरकार सभी बेरोजगारों के बारे में सोचें और जल्द से जल्द नौकरी का सृजन करे । बिहार में रोजगार विकसित होगा तो यहां के लोगों को दूसरे प्रदेश में जाकर अपने स्वाभिमान से समझौता नही करना पड़ेगा । वे अपने घर परिवार के साथ सफल जीवन व्यतित कर सकेगे । इस दौरान युवाओं ने अपनी बेरोजगारी की पीड़ा में एक सांकेतिक मानव श्रृंखला का निर्माण किया ।