फर्जी इंज्यूरी रिपोर्ट का है मामला

दैनिक खोज खबर/मढ़ौरा (सारण)। फर्जी इंजुरी मामले में मढ़ौरा थाना में एक प्राथमिकी दर्ज की गई है। इसमें रेफरल अस्पताल के दो पूर्व प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, एक चिकित्सक, तीन कर्मी सहित कुल ग्यारह लोगों को नामजद किया गया है। मढ़ौरा थाना में पदस्थापित प्रशिक्षु पुलिस अवर निरीक्षक संजीत कुमार ने दर्ज कराई गई प्राथमिकी में सभी आरोपी पर फर्जीवाड़ा का आरोप लगाया है। मढ़ौरा थाना कांड संख्या -526/24, दिनांक -17 सितंबर 24 में धारा 419, 420, 465, 466, 467, 468, 120बी  आईपीसी की धारा दर्ज की गई है। पीएसआई संजीत कुमार ने कहा है की वह मढ़ौरा थाना कांड संख्या-53/24 का अनुसंधानकर्ता था। उक्त कांड में वादिनी बिशनपुर जगदीश निवासी रामबच्चन सिंह की पत्नी बबीता देवी ने एक प्राथमिक की दर्ज कराई थी। प्राथमिकी में विवेक कुमार सिंह, कामेश्वर सिंह, श्रवण कुमार को आरोपित किया गया था। कांड के अनुसंधान में यह पाया गया की आवेदिका ने मनगढ़ंत कहानी बनाया गया है । मामले में रेफरल अस्पताल के चिकित्सक एवं अन्य कर्मियों के साथ मिलकर आपराधिक षड्यंत्र, जालसाजी कर फर्जी जख्म प्रतिवेदन बनाकर झूठा मुकदमा दर्ज किया गया है‌। इसमें जांच दल के द्वारा रिपोर्ट को गलत पाया था। जांच दल ने मढ़ौरा रेफरल अस्पताल के तीन चिकित्सक डॉ. आर. एन. तिवारी, डॉ. राजीव रंजन, डॉ. कृष्णचंद्रा के साथ साथ तीन अस्पताल कर्मियों में हेल्थ मैनेजर विश्वजीत कुमार, लिपिक रंजीत कुमार सिंह एवं मंजूर आलम के कार्यकलाप को संदेहास्पद पाया था। मामले में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी नरेश पासवान ने बबीता देवी एवं उनके सहयोगी पर फर्जी इंजूरी के आलोक में झूठा केस दर्ज कराने का प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया गया था।