• प्रत्येक बेड के बीच होगी न्यूनतम एक मीटर की दूरी
• अस्पताल में बनेगा फ्लू कार्नर , निर्माण शुरू

छपरा/ 20 मार्च। कोरोनावायरस से घबराने की नहीं बल्कि जागरूकता व बचाव से संबंधित उपाय करने की जरूरत है। जिला प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग की ओर से इस ओर लगातार प्रयास किया जा रहा है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी पुख्ता इंतजाम किया गए हैं. सदर अस्पताल के ओपीडी व इमरजेंसी या प्रसव कक्ष में आने वाले मरीजों व उनके परिजनों को एंट्री से पहले सेनिटाईजर से हाथ धुलाई कराया जा रहा है। हाथ धुलाई के बाद हीं सदर अस्पताल में एंट्री दी जा रही है। वहीं अब सदर अस्पताल में आने वाले मरीजों के साथ एक हीं अटेंडेंट को एंट्री दी जा रही है। ताकि अस्पताल में भीड़ न हों।
सिविल सर्जन डॉ. माधवेश्वर झा ने बताया मरीजों के हाथों को सैनिटाइजर से साफ कराया जा रहा है। साथ ही उन्हें हाथ धोने का सही तरीका भी बताया जा रहा है। उनसे अपील की गयी कि वह अपने परिवार के लोगों को भी बचाव के बारे में जागरूक करें।

बेड के बीच में एक मीटर का दूरी:
सदर अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में कोरोनावायरस के संक्रमण से बचाव को लेकर बेड के बीच में एक मीटर का दूरी बनाई गयी है। मरीजों व उनके परिजनों को सलाह दी जा रही है कि वे एक-दूसरे के संपर्क में नहीं आये। यथासंभव मरीजों से दूरी बनाकर रहें। साथ हीं वार्ड अटेंडेंट को भी मरीजों व परिजनों को नियमों की पालन सुनिश्चित कराने का निर्देश दिए गए हैं. वार्ड अटेंडेंट लोगों से अपील कर रहें है एक दूसरे से दूरी बनाकर रहें।

फ्लू कॉर्नर का निर्माण कार्य शुरू:
सिविल सर्जन डॉ. माधवेश्वर झा ने बताया कोरोना वायरस को लेकर सदर अस्पताल में फ्लू कॉर्नर खोला जायेगा।इसको लेकर निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। एक से दो दिन में फ्लू कॉर्नर बनकर तैयार हो जायेगा। फ्लू कॉर्नर में सर्दी-खांसी के मरीजों का अलग से इलाज किया जाएगा। कोरोना वायरस के लक्षण मिलने पर उसकी जांच भी की जाएगी। फ्लू कॉर्नर खोलने का निर्देश स्वास्थ्य विभाग की ओर से सिविल सर्जनों को दिया गया था। सिविल सर्जन न कहा कि विभिन्न रोगों से पीड़ित मरीज एक ही लाइन में खड़े होते हैं। इनमें सर्दी-खांसी के मरीज भी रहते हैं। इससे दूसरे मरीज भी संक्रमित हो सकते हैं। संक्रमण को रोकने के लिए फ्लू कॉर्नर खोला जायेगा। इससे सर्दी-खांसी वाले मरीजों का अलग से इलाज किया जा सकेगा।

सदर अस्पताल में पांच बेड का आईसोलेशन वार्ड:
नोवेल कोरोना वायरस से निपटने के लिए सदर अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में पांच बेड का आईसोलेशन वार्ड बनाया गया है। जिसमें 24 घंटे डॉक्टर व कर्मियों की ड्यूटी लगायी गयी है। इस वार्ड में सभी जरूरी दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की गयी है। सभी स्टॉफ मास्क का प्रयोग कर रहें हैं।

इन बातों का रखें ध्यान:

• हाथ साफ़ रखें
• चेहरे पर मास्क का ठीक तरह से इस्तेमाल करें
• नियमित रूप से बुखार की जाँच करें
• भीड़ में जाने से बचें
• गंदे हाथों से चेहरा न छुएं