संजय विजित्वर (हाजीपुर)-स्थानीय विशप पब्लिक स्कूल में आज साहित्यिक संस्था किरण मंडल के पूर्वअध्यक्ष डॉ हरे कृष्ण की नवमी पुण्य स्मृति समारोह मनाई गई जिसमें शहर के कई साहित्यसेवियों , समाजसेवियों, बुद्धिजीवियों की उपस्थिति रही । कार्यक्रम के आरंभ में उनके तैल चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की गई।सत्यम प्रकाश ने वाणी वंदना प्रस्तुत की । रंगकर्मी बिठ्ठलनाथ सूर्य ,अखौड़ी चंद्रशेखर, डॉ शैलेन्द्र राकेश सहित कई लोग उनके व्यक्तित्व तथा कृतित्व पर विस्तार से प्रकाश डाला ।कार्यक्रम के दूसरे सत्र में कवि गोष्ठी हुई जिसमें अनेक कवियों ने अपनी -अपनी रचना तथा प्रसिद्द रचनाकार की रचना का आवृत्ति पाठ किया। कवि गोष्ठी के शुभारंभ में कवियित्री कविता कुमारी ने मार्मिक रचना -जीने दो,मारो मत का पाठ कर किया। नागेन्द्र मणि ने -धन,ज्ञान और शक्ति की थाती बेटियां का पाठ किया। आशुतोष राणा ने हे भारत के राम का पाठ किया।राजेश कुमार ने महाकवि विद्यापति की रचना गंगा स्तुति का सस्वर पाठ किया। धर्मवीर कुमार शर्मा ने -ये देश कभी वीरों की जमीं का पाठ किया।कई पुस्तक के रचयिता अखौड़ी चंद्रशेखर ने वंदना का स्वर अधूरा मार्मिक रचना का सस्वर पाठ करके सबको भाव-विह्वल कर दिया।विनय कृष्ण ‘काले बादल’ ने वसंत गीत की प्रस्तुति की। संजय विजित्वर ने -अब न कोई आंसू बहाये,अब न कोई मातम मनाये ।तथा बज्जिका बोली की रचना -हम्मर बोली त लौंगिया मिरचाई तनिका चिख ल तऽ जइह हो भाई का सस्वर पाठ की।
मेदिनी कुमार मेनन ने हाइकु छंद की रचना पढ़ी तथा कवि रत्नाकर की रचना का आवृत्ति पाठ किया। डॉ केकी कृष्ण ने भी भाव विह्वल करनेवाली रचना का सस्वर पाठ किया । रवीना कुमारी ने भी रचना पाठ किया।कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ शैलेन्द्र राकेश ने तथा संचालन मेदिनी कुमार मेनन ने किया।मुख्य अतिथि अखौड़ी चंद्रशेखर थे।इस अवसर पर सत्येन्द्र कुमार,रजनीश कुमार सिंह,पुष्पा कुमारी सहित कई लोग उपस्थित थे और अपने उद्गार व्यक्त किया। धन्यवाद ज्ञापन स्वर्गीय हरे कृष्ण जी की सुपुत्री डॉ केकी कृष्ण ने किया।