• खानदानी आपराधिक पृष्ठभूमि के लिए इस पूरे क्षेत्र में नहीं, देश और दुनियां में कुख्यात रहा है

• नाम भी देखो ना, जैसा नाम, वैसा काम

परवेज अख्तर/दैनिक खोज खबर/सिवान। रघुनाथपुर विधानसभा क्षेत्र के राजपुर उच्च विद्यालय में एनडीए प्रत्याशी के समर्थन में आयोजित चुनावी सभा के दौरान बुधवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जदयू के प्रत्याशी विकास कुमार सिंह उर्फ जिशु सिंह सहित एनडीए समर्थित सभी उम्मीदवारों के पक्ष में जनसभा को संबोधित किया। जनता को संबोधित करते हुए उन्होंने एनडीए के कार्यकाल की उपलब्धियों को गिनाया और यूपी में शासन के राज की याद दिलाई। उन्होंने मंच से रघुनाथपुर विधानसभा से महागठबंधन के प्रत्याशी का नाम लिए बिना ही कई कटाक्ष किए। योगी ने कहा कि मुझे आश्चर्य हुआ जब मैं रघुनाथपुर में आया और आकर देखा कि आरजेडी ने यहां से जो प्रत्याशी दिया है, वह अपनी खानदानी आपराधिक पृष्ठभूमि के लिए इस पूरे क्षेत्र में नहीं, देश और दुनियां में कुख्यात रहा है। नाम भी देखो ना, जैसा नाम, वैसा काम। आरजेडी और उनके लोग आज भी अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर भगवान राम के मंदिर का विरोध कर रहे हैं।सीतामढ़ी और उसके आसपास के क्षेत्र में मां जानकी के भव्य मंदिर के निर्माण और कारिडोर के विकास के लिए किए जाने वाले कार्य का विरोध कर रहे हैं। यह आरजेडी के लोगों को बताना चाहिए कि अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर भव्य राम मंदिर का निर्माण होने के पहले उत्तर प्रदेश की डबल इंजन की सरकार ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में अयोध्या में राजर्षि दशरथ के नाम पर मेडिकल कालेज का निर्माण पहले किया। बिहार ज्ञान, क्रांति, भक्ति, शक्ति और शांति की धरती रही है। यह धरती वीरता और स्वाभिमान की प्रतीक रही है। इस धरती ने महात्मा बुद्ध को ज्ञान प्रदान किया है। यहां की धरती ने भारत के गौरवशाली इतिहास को नया अध्याय जोड़ते हुए नालंदा जैसी विश्व प्रसिद्ध विश्वविद्यालय दिया है। यहां चाणक्य जैसे राजनीतिज्ञ भी पैदा हुए हैं। जिस धरा ने डा. राजेंद्र प्रसाद, लोकनायक जयप्रकाश नारायण, बाबू जगजीवन राम व कर्पूरी ठाकुर जैसे विश्व विभूतियों को जन्म दिया हो, वे कौन लोग हैं जिनकी वजह से इस गौरवशाली व ऐतिहासिक धरती के नौजवानों को पहचान के संकट का सामना करना पड़ रहा है।