सारण :बीएसएफ नौकरी के लिए गया था मेडिकल टेस्ट देने,घर आया शव

तरैया:04मई 2018
बीएसएफ की नौकरी के लिए घर से असम मेडिकल टेस्ट देने गये युवक की जब शव गाँव पहुँची तो पूरे गाँव मे कोहराम मच गया।घटना फरीदपुरा गाँव की है।घर से छः दिन पूर्व स्वर्गीय करीमन सिंह का 22 वर्षीय पुत्र बीएसएफ की नौकरी के लिए मेडिकल टेस्ट देने असम के डिमापुर में गया था।युवक को पहले से बुखार लगा था।नौकरी में सेलेक्शन हो गया था।मेडिकल टेस्ट देना बाकी था।इसलिए युवक दवा खाकर घर से मेडिकल टेस्ट के लिए असम गया था।मेडिकल टेस्ट के लिए अन्य युवको के साथ कतार में खड़ा था कि अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गयी और बेहोश होकर कतार में ही गिर पड़ा।जिसे आस-पास के युवको ने उठाकर एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया जहाँ तीन दिन उपचार के बाद युवक की मौत हो गयी।अस्पताल द्वारा इसकी सूचना मृतक के परिजनों को मोबाइल पर दी गयी।फिर मृतक का बड़ा भाई धीरज कुमार सिंह असम पहुँचा जहाँ से अपने मृत भाई विरज कुमार सिंह का शव घर लाया।शव पहुँचते ही गाँव ने कोहराम मच गया।और मृतक के परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
*परिवार पर टूटा दुःखों का पहाड़,पिता और एक भाई की पहले ही हो चुकी है मौत*
घटना के बाद परिवार पर दुःखों का पहाड़ टूट पड़ा है।मृतक 22 वर्षीय विरज कुमार सिंह का बड़ा भाई नीरज कुमार सिंह और पिता करीमन सिंह की भी पहले आकस्मिक मौत हो चुकी है।अब परिवार में उसकी विधवा माँ,एक बड़ा भाई धीरज कुमार सिंह और एक अविवाहित बहन निशा कुमारी है।ग्रामीणों ने बताया कि मृतक के बड़े भाई और पिता की भी मौत अचानक ही हो गयी थी।
*दो सदस्यों के असामयिक मौत के दुख से परिवार अभी उबरा नही था कि तीसरी बार मिला मौत का खबर*
दो सदस्यों के असामयिक मौत के दुख से परिवार अभी उबरा नही था कि तीसरी बार मिला मौत का खबर मिलते ही पूरे परिवार सहित गाँव मे भी सन्नाटा छा गया।बड़े भाई धीरज मो लगा था कि पिता और मंझले भाई के बाद परिवार में अब खुशियों ने दस्तक दे दिया है।छोटे भाई विरज का नौकरी होने वाला है।परीक्षा पास कर लिया है केवल मेडिकल बाकी है।यह सोच कर बड़ा भाई खुश था।लेकिन यह खुशियां परिवार में मानो कुछ ही क्षण के लिए था।मेडिकल टेस्ट देने गये भाई विरज की मौत कि खबर आते है।परिवार पर गमो का पहाड़ टूट गया है।