अमनौर(सारण)।प्रखंड के विभिन्न पंचायतो में मास्क वितरण को लेकर पंचायत सचिव और कार्यपालक सहायक की सुस्त कार्यशैली के कारण ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों तक मास्क नहीं पहुंच रहा है. मालूम हो कि बिहार सरकार के पंचायती राज अपर मुख्य सचिव राज्य के सभी जिला पदाधिकारी को पत्र भेजकर ग्रामीण क्षेत्र के हर परिवार को 6 मास्क वितरण करने का निर्देश दिया है, जिसमें पंचायत सचिव व कार्यपालक सहायक को घर-घर जाकर मास्क का वितरण करना है. सरकार के पंचायती राज विभाग के अपर मुख्य सचिव के अनुसार जीविका दीदीयों द्वारा बनाये गये मास्क को ग्राम पंचायतों के एक परिवार में छ: मास्क उपलब्ध कराना है. इधर ग्रामीणों के माने तो कुछ पंचायत़ों मे इसकी शुरुआत की गई है. लेकिन वितरण कार्य काफी धीमी है. पंचायत सचिव के सुस्त रवैया से अब तक पंचायत में मास्क नहीं बांटा गया है. अगर, जल्द मास्क नहीं बांटा गया तो दोनों लापरवाह कर्मियों की शिकायत वरीय अधिकारियों से की जाएगी.अब जबकि ग्रामीण इलाकों में भी कोरोना पांव फैला चुका है, इन पंचायतो में  इस भीषण महामारी के समय पंचायत सचिव का इस तरह से लापरवाही बिल्कुल भी शोभनीय नही है. सरकार के द्वारा निर्देश देने के बावजूद भी सचिव साहब का ध्यान आकर्षित नही हो रहा है. साथ ही पंचायत के प्रतिनिधि के द्वारा भी इस मामले में किसी तरह का कोई सकारात्मक पहल नहीं देखी जा रही है . इधर  अमनौर बीडीओ विभु विवेक से इस बाबत पुछे जाने पर बताया कि मास्क का वितरण कार्य शुरू है. प्रखंड के सभी पंचायत़ों में जीविका दीदीयों द्वारा निर्मित मास्क का वितरण करना है. पंचायत मे एक -एक परिवार को छ:-छ: मास्क का वितरण करना है. जिसके लिए तीन लाख सतरह हजार मास्क का ऑडर दिया गया है. जिसमें अबतक पचपन हजार ही मास्क उपलब्ध होने के कारण वितरण कार्य धीमी है. जैसे जैसे मास्क उपलब्ध होगी वैसे वैसे सभी पंचायत़ों में इसका वितरण किया जायेगा.