बेगूसराय:- दैनिक खोज खबर के लिये शकील रजा की रिपोर्ट-
बेगूसराय- जिले के रतनपुर धर्मशाला में आयोजित सवर्ण अधिकार सम्मेलन के मुख्य अतिथि के रुप में सवर्ण मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजीव सिंह ने कहा कि दुर्भाग्य है,कि सवर्ण समाज खुद अपने विकराल परिस्थिति के खिलाफ सामूहिक संघर्ष करने को तैयार नहीं है। ऊपर से कोई एक भी शब्द सांसद, मंत्री ,विधायक, विधान पार्षद और राजनीतिक दलों से जुड़े हुए सवर्ण नेता सड़क से संसद तक कभी भी विकराल स्वर समस्याओं पर आवाज नहीं उठा पाती है।ऐसे में बिहार और देश भर के सवर्णो को विनाश होने से कौन बचाएगा ?यह प्रश्न आज बिहार की क्रांतिकारी धरती बेगूसराय से जवाब चाहती है। आज अखिल भारतीय सवर्ण मोर्चा देशभर में स्वर समाज के हक अधिकारों की लड़ाई सड़क से लेकर संसद तक लड़ने को विवश है, सम्मेलन को सवर्ण मोर्चा के राष्ट्रीय सचिव प्रोफेसर अमानुल्ला ने कहा कि सवर्ण मोर्चा समाज के हक अधिकार का एक राष्ट्रीय स्तर का प्रारूप पेश कर रहा है ।सवर्ण छात्रवृत्ति, छात्रावास,सवर्णआवासीय विद्यालय,सवर्ण वित्त निगम, सवर्ण विकास निगम एवं स्वरोजगार योजना सवर्णों को उद्योग व कृषि में विशेष अनुदान की योजना सहित आर्थिक आधार पर आरक्षण या 25% सवर्ण आरक्षण का अधिकार, उन्होंने कहा कि सवर्णों को अब एकजुट होकर 50% आरक्षण का सामूहिक दावा पेश करना चाहिए। वही बिहार प्रदेश  सवर्ण मोर्चा के प्रांतीय अध्यक्ष विकास कुमार झा ने कहा कि बिहार और बेगूसराय के सवर्ण अपने हक अधिकारों की लड़ाई लड़ने हेतु सवर्ण मोर्चा के साथ आए ,हमें अब संक्रांति करनी ही होगी।कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉक्टर संभू कुमार संगठन मंत्री अखिल भारतीय सवर्ण मोर्चा बिहार प्रदेश द्वारा किया गया ,सम्मेलन में निरंजन सिंह ,रवि गोपाल , गौतम सिंह ,परितोष सिंह  आदि ने अपने विचार रखें।