अमन के आंगन में किस पापी ने कीचड़ है डाला भाला तान ले तीर कमान ले।
🚩स्वर सम्राट संतराज सिंह रागेश के ११वीं पुण्यतिथि पर मानस-पाठ व संगीतिक श्रद्धांजलि 📡 परमार अखिलेश राणा🎤
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दैनिक खोज खबर ब्यूरो,सारण 
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 तबले के त्रिकिट ,नाल के तिहाई व नहला, हारमोनियम व कैसियो से नि:सृत राग चंद कोश के बाद ‘अमन के आंगन ने किस पापी ने कीचड़ है डाला भाला तान ले तीर कमान ले————।पर गायक दिलीप संगीताचार्य प्रोफेसर दिलीप कुमार सिंह , ठाकुर जीवन प्रकाश सिंह, राजेश, अखिलेश, जितेंद्र रितेश टिंकू , राजकुमार सिंह ने भरपूर वाहा वासी तालियां व नकद इनाम बटोरीं। बहरहाल, सांगीतिक स्वर लहरियों में दिघवारा थानाध्यक्ष सतीश कुमार सहित आमी व इस पास के गांववासी डूबते तैरते गोता लगाते उताराते रहे पूरी रात।
गत् २५अप्रैल मंगलवार की संध्या रागेश कला एवं संस्कृति संस्थान रामपुर आमी, के तत्वावधान में संतराज बाबू के ११वीं पुण्यतिथि पर मानस मर्मज्ञ शिव वचन सिंह शिवम, सदर मंडल भाजपा महामंत्री ठाकुर उमाशंकर सिंह, सियाराम सिंह प्रभृति ग्रामीणों ने मानस कथा सुंदर कांड का पाठ किया।सांगीतिक श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए नागा बाबा कृष्णा नंद गिरि ने संगीत के आदि वर्ण ‘ ‘स’ ‘गीत’ व अंतिम वर्ण ‘त’तारसप्तकीय व्याख्या करते हुए धर्म दासी एवं तानसेनी की बारिकियों को रेखांकित की। नागा बाबा ने आमी को दिव्यात्माओं का लोक करार देते हुए लागे जी को सारस्वत साधक बताया। थानाध्यक्ष सतीश कुमार ने उन्हें सांस्कृतिक युग पुरुष की संज्ञा दी। गर्ल्स इंटर कॉलेज के प्राचार्य महेश प्रसाद ने रागेश जी के गायन व बुद्धायण प्रणेता अर्जुन सिंह अशांत पर चर्चा की। प्रखंड प्रमुख प्रतिनिधि मनोज कुमार सिंह ,ठाकुर उमाशंकर सिंह, सियाराम सिंह, बम-बम सिंह आदि सैकड़ों ग्रामीणों ने रागेश जी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर कई कोणों से प्रकाश डाला। सांगीतिक श्रद्धांजलि कार्यक्रम का श्री गणेश संस्थान-सचिव दिलीप कुमार सिंह ने औघड़ेश्वर सिद्धार्थ गौतम राम की बंदना ‘देखलीं ममतामयी ज्ञानी गुरु पूर्णिमा से की। गुडिया कुमारी के भजन के बाद ठाकुर पीए राणा ने पारंपरिक ग़ज़ल ‘इश्क में क्या क्या—–तथा लेके संगीन सीमा पर चढ़ जाए द से शाबाशी ली। दिलीप ने तो’भाला तान ले तीर कमान ले गाकर शमां बांध दी। महेश प्रसाद स्वर्णकार ने ‘जानतानीं बबुनी कुंवारे रहि जइहें’पर तालियां बटोरीं। टिंकू ने गुरु बंदना व जितेंद्र सिंह ने’मकईया रे गाकर नकद पुरस्कार लिया तो जीवन प्रकाश सिंह ने डा राजेश की ग़ज़ल’बंशी तोहार बाजल गाकर कार्यक्रम​ को गतिमान बना दिया। सुबह राग भैरवी गाकर रितेश टिंकू ने श्रोताओं को धन्यवाद दी।