सूर्य नमस्कार बच्चे, बुढ़े, जवान सबके लिए लाभकारी : गोविन्द जी महाराज
पानापुर(सारण)थानाक्षेत्र के बक़वा शिवमंदिर के प्रांगण में भागवत कथा एवम योग विज्ञान शिविर के छठे दिन सुबह योग विज्ञान शिविर के दौरान बच्चो की लंबाई वृद्धि हेतु ,पश्चिमोत्तासन, सर्वांगासन,हलासन,पादहस्तासनजानुशिरासन,के साथ ही सूर्य नमस्कार कराया ।गोविंद जी महाराज ने कहा कि सूर्य नमस्कार छोटे बच्चो से लेकर उम्रदराज व्यक्तियों तक के लिए लाभकारी हैं।जिसे प्रत्येक व्यक्ति सुगमता से कर सकता हैं और निरोगी जीवन जी सकता है।सूर्य नमस्कार,आसन,प्राणायाम, किसी व्यक्ति विशेष के लिए नही है ।यह सभी मनुष्य जाति के लिए है। अष्टांगयोग की क्रिया समस्त धर्म सम्प्रदाय से परे मानव कल्याण हेतु हैं। अतः यह सभी मनुष्यों के लिए अनुकरणीय हैं।जिसका अनुकरण कर मनुष्य स्वस्थ्य दीर्घायु जीवन व्यतीत कर सकता है ।संध्या के सत्र में भागवत कथा के दौरान गोविंद जी महाराज ने भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं का बहुत ही मधुर रसमय प्रसंग का वर्णन किया ।महाराज जी ने कहा कि भगवान श्री कृष्ण की बाल लीलाओं में माखन चोरी की लीला भगवत प्रेमियों के लिए अनुकरणीय हैं ।इस लीला में भगवान माखन चोरी करते हैं और अपने साथ ग्वालों को माखन खिलाते है ।क्योंकि भगवान को माखन बहुत प्रिय हैं और माखन इसलिए प्रिय हैं क्योंकि भोज्य पदार्थ में माखन से प्रिय और स्वास्थ्य वर्धक कोई वस्तु नही होती।भगवान श्री कृष्ण माखन के द्वारा अपने भक्तों को सन्देश भी देते हैं कि मुझे प्राप्त करने की इच्छावालो को अपना जीवन चरित्र माखन के समान पवित्र बना लेना चाहिये ।साथ ही कृष्ण की बाल लीलाओं में महाराज जी ने पूतना बध, तृणावर्त असुर का उद्धार और नामकरण आदि का प्रसंग सुनाते हुए कहा कि भगवान का अवतार आसुरी शक्तियों के संहार और भागवत प्रेमियों के उद्धार हेतु